Vachya in Hindi: वाच्य पहचानने की जादुई Trick + पिछले सालों के महत्वपूर्ण प्रश्न (PYQs)

Hindi Grammar में ‘Vachya’ एक ऐसा topic है जो दिखने में simple लगता है, लेकिन Exam pressure में अक्सर confusion पैदा कर देता है। अगर आप Vachya ke bhed pyq search कर रहे हैं, तो आप बिल्कुल सही जगह आए हैं। इस लेख में हम वाच्य को रटेंगे नहीं, बल्कि इसे “जादुई Trick” से समझेंगे ताकि परीक्षा में आपका एक भी marks न कटे।


Table of Contents

  1. वाच्य क्या है? (The Concept)
  2. वाच्य के 3 मुख्य भेद (Types of Vachya)
  3. जादुई Trick: 5 Seconds में वाच्य पहचानें
  4. कर्तृवाच्य vs कर्मवाच्य vs भाववाच्य: Detailed Comparison
  5. Vachya Change करने के Practical Rules
  6. Top 10 PYQs (Previous Year Questions)
  7. FAQs & Conclusion

1. वाच्य (Voice) क्या है?

वाच्य का मतलब होता है “बोलने का ढंग” या वाक्य में किसका “Dominance” (प्रधानता) है। क्रिया (Verb) के जिस रूप से यह पता चले कि वाक्य में Subject (कर्ता), Object (कर्म) या Feeling (भाव) में से मुख्य कौन है, उसे ही वाच्य कहते हैं।

 

Results

#1. कर्तृवाच्य वाक्य को कर्मवाच्य वाक्य में बदलिए- ‘तुम अखबार पढ़ते हो।’ [Highcourt LDC-23.07.2017]

कर्तृवाच्य से कर्मवाच्य में बदलने के नियम:

  1. कर्ता के साथ विभक्ति: कर्ता (‘तुम’) के साथ ‘के द्वारा’ या ‘से’ जोड़ दिया जाता है। यहाँ ‘तुम’ बदलकर ‘तुम्हारे द्वारा’ हो गया।

  2. कर्म की प्रधानता: क्रिया अब कर्ता के बजाय कर्म (‘अखबार’) के अनुसार चलती है।

  3. क्रिया का रूप: मुख्य क्रिया के साथ ‘जाना’ क्रिया का सहायक रूप जुड़ जाता है।

    • ‘पढ़ते हो’ → बदलकर ‘पढ़ा जाता है’ हो जाता है।

  4. काल का ध्यान: मूल वाक्य वर्तमान काल में है, इसलिए कर्मवाच्य भी वर्तमान काल में ही रहेगा।


अन्य विकल्पों का विश्लेषण:

  • (1) तुमने अखबार पढ़ा: यह कर्तृवाच्य ही है, बस इसका काल बदलकर भूतकाल कर दिया गया है।

  • (3) तुम अखबार पढ़ चुके हो: यह भी कर्तृवाच्य है, इसमें केवल क्रिया की पूर्णता (Present Perfect) दिखाई गई है।

  • (4) तुम अखबार पढ़ोगे: यह कर्तृवाच्य है और भविष्य काल में है।

#2. ‘मैं रामायण नहीं पढ़ सका।’ वाक्य में कौन-सा वाच्य हैं? [Highcourt LDC परीक्षा-23.07.2017]

व्याख्या (Explanation)

‘मैं रामायण नहीं पढ़ सका’ वाक्य में कर्तृवाच्य होने के पीछे मुख्य कारण निम्नलिखित हैं:

  1. कर्ता की प्रधानता: इस वाक्य में क्रिया ‘पढ़ सका’ का सीधा संबंध कर्ता ‘मैं’ से है।

  2. क्रिया का लिंग और वचन: यदि हम कर्ता का लिंग बदल दें, तो क्रिया भी बदल जाएगी।

    • उदाहरण: ‘मैं (पुल्लिंग) नहीं पढ़ सका।’

    • उदाहरण: ‘सीता (स्त्रीलिंग) नहीं पढ़ सकी।’ चूंकि क्रिया कर्ता के अनुसार बदल रही है, इसलिए यह कर्तृवाच्य है।

  3. विभक्ति का अभाव: यहाँ कर्ता के साथ ‘से’ या ‘के द्वारा’ (जो कर्मवाच्य/भाववाच्य में होते हैं) का प्रयोग नहीं हुआ है।

Confusion Check

अक्सर लोग “नहीं” शब्द देखकर इसे ‘भाववाच्य’ समझ लेते हैं। लेकिन ध्यान रहे:

  • यदि असमर्थता कर्ता के प्रधान रहते हुए व्यक्त की जाए (जैसे: मैं नहीं पढ़ सका), तो वह कर्तृवाच्य है।

  • यदि इसे इस तरह लिखा जाता— “मुझसे रामायण नहीं पढ़ी गई”, तब यह कर्मवाच्य होता।

  • यदि इसे इस तरह लिखा जाता— “मुझसे पढ़ा नहीं गया”, तब यह भाववाच्य होता।

निष्कर्ष: यहाँ कर्ता सक्रिय और प्रधान है, अतः यह कर्तृवाच्य का उदाहरण है।

#3. ‘कर्तृवाच्य’ का उदाहरण है- [Highcourt LDC-23.07.2017]

विश्लेषण (Analysis)

  • (1) अध्यापक ने विद्यार्थियों को पढ़ाया (कर्तृवाच्य): जैसा कि हमने पिछले प्रश्नों में समझा है, ‘ने’ विभक्ति का प्रयोग कर्तृवाच्य की सबसे बड़ी पहचान है। यहाँ ‘अध्यापक’ कर्ता प्रधान है और क्रिया का विधान कर्ता के माध्यम से हो रहा है।


अन्य विकल्पों का स्पष्टीकरण:

  • (2) अध्यापक द्वारा विद्यार्थियों को पढ़ाया गया (कर्मवाच्य): यहाँ ‘द्वारा’ का प्रयोग हुआ है और क्रिया ‘पढ़ााया गया’ कर्मवाच्य रूप में है। इसमें कर्म की प्रधानता है।

  • (3) अध्यापक द्वारा विद्यार्थियों को पढ़ाया नहीं जाता (कर्मवाच्य): यह भी कर्मवाच्य का नकारात्मक रूप है। ‘द्वारा’ और ‘जाता’ (कर्मवाच्य सहायक क्रिया) का प्रयोग इसकी पुष्टि करता है।

  • (4) अध्यापक से विद्यार्थियों को पढ़ाया जा रहा है (कर्मवाच्य): यहाँ ‘से’ का प्रयोग ‘द्वारा’ के अर्थ में हुआ है और क्रिया ‘जा रहा है’ निरंतरता वाले कर्मवाच्य को दर्शाती है।

#4. कौन-सा वाक्य कर्तृवाच्य है? [महिला पर्यवेक्षक – 3.3.2019]

विश्लेषण (Analysis)

  • (1) सुधा रो रही थी (कर्तृवाच्य): इस वाक्य में ‘सुधा’ कर्ता (Subject) है और क्रिया ‘रो रही थी’ सीधे कर्ता के लिंग (स्त्रीलिंग) और वचन (एकवचन) के अनुसार प्रयुक्त हुई है। यहाँ कर्ता प्रधान है और क्रिया अकर्मक है। कर्तृवाच्य में क्रिया सकर्मक और अकर्मक दोनों हो सकती है।


अन्य विकल्पों का स्पष्टीकरण:

  • (2) हिरण से दौड़ा जाता है (भाववाच्य): यहाँ कर्ता के साथ ‘से’ का प्रयोग हुआ है और क्रिया ‘दौड़ा जाता है’ भाव की प्रधानता को दर्शा रही है। अकर्मक क्रिया के साथ जब ‘से’ विभक्ति आती है, तो वह भाववाच्य होता है।

  • (3) क्या यह उपन्यास मुंशी प्रेमचंद द्वारा लिखा गया है? (कर्मवाच्य): यहाँ ‘द्वारा’ का प्रयोग हुआ है और ‘उपन्यास’ (कर्म) की प्रधानता है। क्रिया ‘लिखा गया है’ कर्म के अनुसार है।

  • (4) आज घूमने चला जाए (भाववाच्य): इस वाक्य में कर्ता लुप्त है और क्रिया ‘चला जाए’ एक प्रस्ताव या भाव को व्यक्त कर रही है। यह भाववाच्य का उदाहरण है।

#5. निम्न में से कौनसे वाक्य कर्तवाच्य के उदाहरण है – [महिला पर्यवेक्षक (अधिकारिता) 07.09.2024] 1. रमेश बाजार जाता है। 2. मोहन से दौड़ा नहीं जाता। 3. उससे फल नहीं खाया जाता। 4. सुलभा पानी पीती है। 5. बच्चे सोते हैं।

वाक्यों को एक-एक करके देखते हैं:

  1. रमेश बाजार जाता है (कर्तृवाच्य): यहाँ ‘रमेश’ कर्ता प्रधान है और क्रिया ‘जाता है’ सीधे कर्ता के अनुसार है।

  2. मोहन से दौड़ा नहीं जाता (भाववाच्य): यहाँ कर्ता के साथ ‘से’ लगा है और ‘दौड़ना’ अकर्मक क्रिया है, जो असमर्थता का भाव व्यक्त कर रही है।

  3. उससे फल नहीं खाया जाता (कर्मवाच्य): यहाँ ‘फल’ कर्म है और क्रिया ‘खाया जाता’ कर्म के अनुसार है। ‘उससे’ (कर्ता + से) होने के कारण यह कर्मवाच्य है।

  4. सुलभा पानी पीती है (कर्तृवाच्य): यहाँ ‘सुलभा’ कर्ता है और क्रिया ‘पीती है’ कर्ता के स्त्रीलिंग होने के अनुसार प्रयुक्त हुई है।

  5. बच्चे सोते हैं (कर्तृवाच्य): यहाँ ‘बच्चे’ कर्ता है और क्रिया ‘सोते हैं’ बहुवचन कर्ता के अनुसार है।

निष्कर्ष:

  • वाक्य 1, 4 और 5 में क्रिया का सीधा संबंध कर्ता से है, इसलिए ये कर्तृवाच्य हैं।

  • वाक्य 2 ‘भाववाच्य’ और वाक्य 3 ‘कर्मवाच्य’ है।



#6. निम्नलिखित में से कौनसे वाक्य कर्तृवाच्य के उदाहरण है- [महिला पर्यवेक्षक -13.07.2024] 1. राम पत्र लिखता है। 2. रोहन से खाया नहीं जाता। 3. गीता गाया जाता है। 4. वसुधा ढोलक बजाती है। 5. स्मिता पुस्तक पढ़ती है।

विश्लेषण (Analysis):

यहाँ प्रत्येक वाक्य की प्रकृति और उसके वाच्य का विवरण दिया गया है:

  1. राम पत्र लिखता है (कर्तृवाच्य): यहाँ ‘राम’ कर्ता है और क्रिया ‘लिखता है’ सीधे कर्ता के लिंग और वचन के अनुसार है। यह एक सरल कर्तृवाच्य वाक्य है।

  2. रोहन से खाया नहीं जाता (भाववाच्य): यहाँ कर्ता के साथ ‘से’ विभक्ति का प्रयोग हुआ है और क्रिया असमर्थता के भाव को दर्शा रही है। चूंकि ‘खाना’ यहाँ अकर्मक रूप में प्रयुक्त हुआ है (क्या खाया, यह नहीं बताया गया), इसलिए यह भाववाच्य है।

  3. गीता गाया जाता है (कर्मवाच्य): यहाँ ‘गीता’ (ग्रंथ) कर्म है। क्रिया ‘गाया जाता है’ कर्म के अनुसार है। यह स्पष्ट रूप से कर्मवाच्य है (जैसे: किसी के द्वारा गीता का पाठ किया जाता है)।

  4. वसुधा ढोलक बजाती है (कर्तृवाच्य): यहाँ ‘वसुधा’ कर्ता है और क्रिया ‘बजाती है’ कर्ता के स्त्रीलिंग होने के अनुसार प्रयुक्त हुई है।

  5. स्मिता पुस्तक पढ़ती है (कर्तृवाच्य): यहाँ ‘स्मिता’ कर्ता प्रधान है और क्रिया ‘पढ़ती है’ कर्ता के अनुसार है।

निष्कर्ष:

  • वाक्य 1, 4 और 5 कर्तृवाच्य के उदाहरण हैं।

  • वाक्य 2 भाववाच्य और वाक्य 3 कर्मवाच्य है।

अतः, विकल्प (3) सही उत्तर है।

#7. ‘कर्तृवाच्य’ से संबंधित वाक्य है- [PSI-13.09.2021]

दिए गए विकल्पों में सही उत्तर (3) लड़का पढ़ रहा है है।

विश्लेषण (Analysis)

  • (3) लड़का पढ़ रहा है (कर्तृवाच्य): इस वाक्य में ‘लड़का’ मुख्य कर्ता (Subject) है। क्रिया ‘पढ़ रहा है’ सीधे कर्ता के लिंग (पुल्लिंग) और वचन (एकवचन) के अनुसार प्रयुक्त हुई है। यदि कर्ता को बदल दिया जाए (जैसे: ‘लड़की’), तो क्रिया भी बदल जाएगी (‘लड़की पढ़ रही है’)। अतः यहाँ कर्ता की प्रधानता है।


अन्य विकल्पों का स्पष्टीकरण:

  • (1) चोर पकड़ा गया है (कर्मवाच्य): यहाँ ‘चोर’ कर्म है (पकड़ने वाला कोई और है)। क्रिया ‘पकड़ा गया’ कर्म के अनुसार है। यह कर्मवाच्य का उदाहरण है जहाँ कर्ता अज्ञात है।

  • (2) यह बात उससे पता चली (कर्मवाच्य): इस वाक्य में ‘बात’ कर्म है। ‘उससे’ में ‘से’ विभक्ति का प्रयोग हुआ है और क्रिया ‘चली’ कर्म (स्त्रीलिंग ‘बात’) के अनुसार है।

  • (4) किसान द्वारा फसल काट ली गई (कर्मवाच्य): यहाँ कर्ता के साथ ‘द्वारा’ का प्रयोग हुआ है और ‘फसल’ (कर्म) की प्रधानता है। क्रिया ‘काट ली गई’ स्त्रीलिंग कर्म ‘फसल’ के अनुसार है।

#8. इनमें ‘कर्तृवाच्य’ से संबंधित वाक्य कौन-सा है? [RPSC लिपिक परीक्षा, 2013]

दिए गए विकल्पों में सही उत्तर (4) भारत ने एक नया उपग्रह छोड़ा है।

विश्लेषण (Analysis)

  • (4) भारत ने एक नया उपग्रह छोड़ा (कर्तृवाच्य): जैसा कि हमने पिछले कई प्रश्नों में देखा है, जब कर्ता के साथ ‘ने’ विभक्ति का प्रयोग होता है, तो वह वाक्य निश्चित रूप से कर्तृवाच्य होता है। यहाँ ‘भारत’ कर्ता है और क्रिया का विधान कर्ता के माध्यम से हो रहा है।


अन्य विकल्पों का स्पष्टीकरण:

  • (1) आरामशील से लकड़ी काटी जा रही है (कर्मवाच्य): यहाँ ‘लकड़ी’ कर्म है और क्रिया ‘काटी जा रही है’ कर्म के लिंग के अनुसार स्त्रीलिंग है। यहाँ ‘से’ का प्रयोग ‘के द्वारा’ के अर्थ में हुआ है, जो कर्मवाच्य की पहचान है।

  • (2) वृद्ध से चला नहीं गया (भाववाच्य): यहाँ कर्ता के साथ ‘से’ लगा है और क्रिया ‘चला नहीं गया’ असमर्थता के भाव को व्यक्त कर रही है। अकर्मक क्रिया होने के कारण यह भाववाच्य है।

  • (3) लोगों से वह करुण दृश्य नहीं देखा गया (कर्मवाच्य): यहाँ ‘दृश्य’ कर्म है। ‘लोगों से’ का अर्थ ‘लोगों द्वारा’ है। क्रिया ‘देखा गया’ कर्म के अनुसार पुल्लिंग है। यह कर्मवाच्य का उदाहरण है।

#9. कर्तृवाच्य का उदाहरण निम्नलिखित में से कौनसा है- [छात्रावास अधीक्षक (अल्पसंख्यक)-30.08.2024]

दिए गए विकल्पों में सही उत्तर (1) धनंजय खाता है है।

विश्लेषण (Analysis)

  • (1) धनंजय खाता है (कर्तृवाच्य): इस वाक्य में ‘धनंजय’ कर्ता (Subject) है। क्रिया ‘खाता है’ सीधे कर्ता के लिंग और वचन के अनुसार है। यदि कर्ता स्त्रीलिंग होता (जैसे: ‘सीता’), तो क्रिया ‘खाती है’ हो जाती। यहाँ कर्ता की प्रधानता होने के कारण यह कर्तृवाच्य है।


अन्य विकल्पों का स्पष्टीकरण:

  • (2) पुस्तक पढ़ी जाती है (कर्मवाच्य): यहाँ ‘पुस्तक’ कर्म है। क्रिया ‘पढ़ी जाती है’ कर्म के अनुसार स्त्रीलिंग है। इसमें कर्ता अज्ञात है। ‘जाना’ क्रिया के रूप का प्रयोग कर्मवाच्य की पहचान है।

  • (3) धूप में चला नहीं जाता (भाववाच्य): यहाँ न कर्ता प्रधान है, न कर्म। ‘चलना’ अकर्मक क्रिया है और वाक्य असमर्थता के भाव को व्यक्त कर रहा है। यह भाववाच्य का उदाहरण है।

  • (4) आम खाया जाता है (कर्मवाच्य): यहाँ ‘आम’ कर्म है और क्रिया ‘खाया जाता है’ कर्म के अनुसार पुल्लिंग है। यह भी कर्मवाच्य का उदाहरण है।

#10. निम्न में से कौनसे वाक्य कर्तृवाच्य के उदाहरण है- [महिला पर्यवेक्षक (आंगनवाड़ी) – 22.06.2024] 1. सुनैना नृत्य करती है। 4. रमेश ढोलक बजाता है। 5. अभिनव शतरंज खेलता है।

दिए गए विकल्पों में सही उत्तर (3) 1, 4, 5 है।

विश्लेषण (Analysis)

दिए गए तीनों वाक्य कर्तृवाच्य के स्पष्ट उदाहरण हैं क्योंकि इनमें क्रिया का सीधा संबंध कर्ता से है:

  1. सुनैना नृत्य करती है (कर्तृवाच्य): यहाँ ‘सुनैना’ कर्ता स्त्रीलिंग है, इसलिए क्रिया ‘करती है’ भी स्त्रीलिंग है।

  2. रमेश ढोलक बजाता है (कर्तृवाच्य): यहाँ ‘रमेश’ कर्ता पुल्लिंग है, इसलिए क्रिया ‘बजाता है’ भी पुल्लिंग है।

  3. अभिनव शतरंज खेलता है (कर्तृवाच्य): यहाँ ‘अभिनव’ कर्ता है और क्रिया ‘खेलता है’ सीधे कर्ता के अनुसार प्रयुक्त हुई है।



अगर आप विस्तृत सरकारी पाठ्यक्रम देखना चाहते हैं, तो आप NCERT की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध व्याकरण की पुस्तकों का संदर्भ ले सकते हैं।


2. वाच्य के मुख्य भेद (Types of Vachya)

A. कर्तृवाच्य (Active Voice)

इसमें कर्ता (Doer) Hero होता है। क्रिया पूरी तरह से कर्ता के gender और number (लिंग और वचन) पर depend करती है।

  • Hinglish Example: “Rahul क्रिकेट खेलता है।” यहाँ ‘खेलता है’ राहुल के हिसाब से बदल रहा है।

B. कर्मवाच्य (Passive Voice)

यहाँ कर्म (Object) मुख्य होता है। क्रिया कर्ता को छोड़कर कर्म का पीछा करती है।

  • Hinglish Example: “राहुल के द्वारा क्रिकेट खेला जाता है।” यहाँ focus ‘क्रिकेट’ पर है।

C. भाववाच्य (Impersonal Voice)

इसमें न कर्ता की चलती है न कर्म की। यहाँ क्रिया का भाव (Action/Feeling) प्रधान होता है। यह अधिकतर Negative वाक्यों में आता है।

  • Hinglish Example: “मुझसे अब और पढ़ा नहीं जाता।”

3. जादुई Trick: वाच्य पहचानने का Shortcut

अगर आप Exam Hall में बैठे हैं और आपके पास समय कम है, तो यह Flowchart Trick अपनाएं:

  1. Direct Check: क्या कर्ता के साथ कोई विभक्ति (जैसे- ने, से, के द्वारा) नहीं है? या सिर्फ ‘ने’ लगा है?
    • Result: आंख बंद करके कर्तृवाच्य टिक करें।
  2. The ‘Se/Ke Dwara’ Rule: क्या कर्ता के साथ ‘से’ या ‘के द्वारा’ लगा है?
    • अब देखो क्या वाक्य में कर्म (Object) मौजूद है? (क्या/किसको का उत्तर मिल रहा है?)
    • अगर हाँ, तो वह कर्मवाच्य है।
    • अगर नहीं, तो वह भाववाच्य है।

4. वाच्य परिवर्तन (Conversion) के नियम

Exam में अक्सर “Change the Voice” वाले प्रश्न आते हैं। इसे बदलने के लिए ये 2 rules याद रखें:

  • Rule 1: कर्ता के पीछे ‘से’ या ‘के द्वारा’ चिपका दें।
  • Rule 2: मुख्य क्रिया (Main Verb) को Simple Past में बदलें और उसके साथ ‘जाना’ क्रिया का रूप (जाता है, गया, जाएगी आदि) जोड़ दें।

Example:

  • कर्तृवाच्य: माँ खाना बनाती है।
  • कर्मवाच्य: माँ के द्वारा खाना बनाया जाता है

5. पिछले सालों के महत्वपूर्ण प्रश्न (PYQs)

ये प्रश्न पिछले 5 सालों के SSC, REET और अन्य स्टेट एग्जाम्स से लिए गए हैं:

  1. ‘चलो, अब सोया जाए’ – इसमें कौन सा वाच्य है?
    • (A) कर्तृवाच्य (B) कर्मवाच्य (C) भाववाच्य (D) इनमें से कोई नहीं
    • Ans: (C) भाववाच्य (Note: यहाँ भाव की प्रधानता है)।
  2. ‘शिकारी द्वारा शेर मारा गया’ – वाच्य पहचानें।
    • Ans: कर्मवाच्य (तर्क: ‘द्वारा’ का प्रयोग + ‘शेर’ कर्म मौजूद है)।
  3. ‘मैं यह बोझ नहीं उठा सकता’ – इसका भाववाच्य क्या होगा?
    • Ans: मुझसे यह बोझ नहीं उठाया जा सकता।
  4. ‘बालक खिलखिलाकर हँस रहा था’ – यह कौन सा वाच्य है?
    • Ans: कर्तृवाच्य (तर्क: कर्ता के साथ कोई विभक्ति नहीं है)।

6. FAQ: अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

Q1: क्या भाववाच्य में हमेशा ‘नहीं’ आता है? Ans: 90% केस में ‘नहीं’ आता है (असमर्थता दिखाने के लिए), लेकिन “अब चला जाए” जैसे वाक्यों में ‘नहीं’ न होने पर भी भाववाच्य होता है।

Q2: ‘Vachya ke bhed pyq’ के लिए बेस्ट प्रैक्टिस सेट कहाँ मिलेगा? Ans: आप हमारे टेलीग्राम चैनल या NCERT Solutions के व्याकरण अनुभाग को देख सकते हैं।

Q3: सकर्मक और अकर्मक क्रिया का वाच्य पर क्या असर पड़ता है? Ans: कर्मवाच्य हमेशा सकर्मक (Transitive) क्रिया के साथ बनता है, जबकि भाववाच्य हमेशा अकर्मक (Intransitive) क्रिया के साथ।


Actionable Conclusion

वाच्य का टॉपिक बहुत स्कोरिंग है। बस ‘से/के द्वारा’ के खेल को समझ लें। अगर आप रोज़ाना 10 Vachya ke bhed pyq सॉल्व करेंगे, तो आपकी Accuracy 100% हो जाएगी। इस जादुई ट्रिक को अपने दोस्तों के साथ भी शेयर करें ताकि उनकी भी हेल्प हो सके!

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