Polymers & Plastics Railway PYQ
#1. निम्नलिखित में से कौन सी सामग्री जैव-अपघट्य नहीं होने की संभावना है?
(RRB JE CBT-I 2024 16 Dec 2024 Shift 1)
✨ सही उत्तर: प्लास्टिक
💡 विस्तृत नोट्स (Detailed Notes):
- जैव-अपघट्य (Biodegradable): वे पदार्थ जो सूक्ष्मजीवों (जैसे बैक्टीरिया और कवक) द्वारा प्राकृतिक रूप से सरल घटकों में विघटित किए जा सकते हैं, जैव-अपघट्य कहलाते हैं।
- विशेषता: प्लास्टिक एक सिंथेटिक पॉलीमर है जो आसानी से प्राकृतिक रूप से विघटित नहीं होता है और पर्यावरण में लंबे समय तक बना रहता है, इसलिए यह गैर-जैव-अपघट्य (Non-Biodegradable) है।
- परीक्षा संदर्भ: यह प्रश्न (RRB JE CBT-I : 16/12/2024, Shift 1) में पर्यावरण और सामान्य विज्ञान के अंतर्गत पूछा गया था।
🔍 अन्य विकल्पों का विश्लेषण (ये सही क्यों नहीं हैं?):
- लकड़ी: यह एक प्राकृतिक कार्बनिक पदार्थ है जो आसानी से जैव-अपघट्य (Biodegradable) है।
- सब्जियों के छिलके: यह जैविक कचरा है जो सूक्ष्मजीवों द्वारा जल्दी विघटित हो जाता है।
- काग़ज़: यह सेलूलोज़ से बनता है, इसलिए यह भी जैव-अपघट्य प्रकृति का होता है।
#2. प्लास्टिक के संशोधित और पुनर्चक्रित रूप से प्राप्त होने वाले महीन पाउडर को ________ कहा जाता है।
(RRB JE CE 22 Apr 2025 Shift 2 CBT 2)
✨ सही उत्तर: (B) पॉलीब्लेंड
💡 विस्तृत नोट्स (Detailed Notes):
- पॉलीब्लेंड (Polyblend): यह प्लास्टिक के संशोधित और पुनर्चक्रित रूप (Recycled Modified Plastic) से तैयार किया गया एक महीन चूर्ण (Fine Powder) है।
- उपयोग: इस पॉलीब्लेंड को बिटुमेन (कोलतार) के साथ मिलाकर सड़क निर्माण में उपयोग किया जाता है, जिससे सड़कों की मजबूती, स्थायित्व और पानी से बचाव की क्षमता काफी बढ़ जाती है।
- परीक्षा संदर्भ: यह प्रश्न (RRB JE CE : 22/04/2025, Shift 2 CBT 2) में पर्यावरण और सामान्य विज्ञान के अंतर्गत पूछा गया था।
🔍 अन्य विकल्पों का विश्लेषण (ये सही क्यों नहीं हैं?):
- विकल्प (A) पॉलीस्टाइरीन: यह एक सिंथेटिक प्लास्टिक है जिसका उपयोग फोम पैकेजिंग, डिस्पोजेबल कप आदि बनाने में होता है।
- विकल्प (C) पॉलीथीन: यह एक आम प्लास्टिक है जिसका उपयोग थैलियों और पैकेजिंग सामग्री के लिए किया जाता है।
- विकल्प (D) पॉलीएथिलीन: यह एथिलीन का पॉलीमर है (पॉलीथीन का ही रासायनिक नाम), जो विभिन्न कंटेनर और बोतलें बनाने में प्रयुक्त होता है।
#3. नायलॉन और पॉलिएस्टर जैसे रेशे, जो रासायनिक पदार्थों से बने होते हैं, कहलाते हैं:
(RRB NTPC CBT-I : 8 Mar 2021 Shift 1)
✨ सही उत्तर: (B) सिंथेटिक फाइबर
💡 विस्तृत नोट्स (Detailed Notes):
- सिंथेटिक फाइबर (Synthetic Fibers): वे रेशे जो मनुष्य द्वारा रासायनिक पदार्थों (पेट्रोकेमिकल्स) से कारखानों में तैयार किए जाते हैं, सिंथेटिक या कृत्रिम रेशे कहलाते हैं; जैसे- नायलॉन, पॉलिएस्टर और ऐक्रेलिक।
- विशेषता: ये रेशे अत्यधिक मजबूत, टिकाऊ, जल-प्रतिरोधी और जल्दी सूखने वाले होते हैं।
- परीक्षा संदर्भ: यह प्रश्न (RRB NTPC CBT-I : 08/03/2021, Shift 1) में सामान्य विज्ञान के अंतर्गत पूछा गया था।
🔍 अन्य विकल्पों का विश्लेषण (ये सही क्यों नहीं हैं?):
- विकल्प (A) रेशम: यह एक प्राकृतिक रेशा (Natural Fiber) है जो रेशम के कीटों (Silkworms) से प्राप्त होता है।
- विकल्प (C) ऊन: यह भी एक प्राकृतिक जंतु रेशा है जो भेड़ों और अन्य जानवरों के बालों से मिलता है।
- विकल्प (D) प्राकृतिक रेशे: ये वे रेशे हैं जो पौधों (जैसे कपास, जूट) या जंतुओं (जैसे ऊन, रेशम) से सीधे प्राप्त होते हैं, रासायनिक पदार्थों से नहीं।
#4. किसी मशीन के गतिशील पुर्जों में प्रयुक्त तीन मुख्य स्नेहक कौन से हैं?
(RRB JE CBT I :- 30 May 2019 Shift 2)
✨ सही उत्तर: (C) तेल, ग्रीस, ग्रेफाइट
💡 विस्तृत नोट्स (Detailed Notes):
- स्नेहक (Lubricants): मशीनों के गतिशील (Moving) पुर्जों के बीच घर्षण (Friction) को कम करने, घिसाव रोकने और ऊष्मा को नियंत्रित करने के लिए जिन पदार्थों का उपयोग किया जाता है, उन्हें स्नेहक कहते हैं।
- मुख्य प्रकार: मशीनों में मुख्य रूप से तीन प्रकार के स्नेहकों का उपयोग किया जाता है:
- द्रव स्नेहक (Liquid Lubricants): जैसे – तेल (Oil)
- अर्ध-ठोस स्नेहक (Semi-solid Lubricants): जैसे – ग्रीस (Grease)
- ठोस स्नेहक (Solid Lubricants): जैसे – ग्रेफाइट (Graphite) या मोलिब्डेनम डाइसॉल्फाइड
- परीक्षा संदर्भ: यह प्रश्न (RRB JE CBT-I : 30/05/2019, Shift 2) में सामान्य विज्ञान / इंजीनियरिंग मैकेनिक्स के अंतर्गत पूछा गया था।
🔍 अन्य विकल्पों का विश्लेषण (ये सही क्यों नहीं हैं?):
- विकल्प (A): रबर और गोंद स्नेहक नहीं हैं, बल्कि ये चिपकने वाले या लचीले पदार्थ हैं।
- विकल्प (B) और (D): रेगमाल (Sandpaper) एक घर्षण सामग्री (Abrasive) है जिसका उपयोग सतहों को घिसने या चिकना करने के लिए किया जाता है, न कि स्नेहक के रूप में।
#5. कौन-सा उद्योग चूना पत्थर को कच्चे माल के रूप में उपयोग करता है?
(RRB NTPC CBT-I : 4 Jan 2021 Shift 1)
✨ सही उत्तर: (D) सीमेंट
💡 विस्तृत नोट्स (Detailed Notes):
- चूना पत्थर (Limestone): यह मुख्य रूप से कैल्शियम कार्बोनेट से बनी एक तलछटी चट्टान है, जिसका उपयोग सीमेंट उद्योग में सबसे महत्वपूर्ण कच्चे माल (Raw Material) के रूप में किया जाता है।
- सीमेंट निर्माण: सीमेंट बनाने की प्रक्रिया में चूना पत्थर को चिकनी मिट्टी (Clay) के साथ मिलाकर उच्च तापमान पर भट्टी में पकाया जाता है।
- परीक्षा संदर्भ: यह प्रश्न (RRB NTPC CBT-I : 04/01/2021, Shift 1) में सामान्य अध्ययन के अंतर्गत पूछा गया था।
🔍 अन्य विकल्पों का विश्लेषण (ये सही क्यों नहीं हैं?):
- विकल्प (A) प्लास्टिक: यह पेट्रोकेमिकल्स और सिंथेटिक पॉलिमर पर आधारित उद्योग है।
- विकल्प (B) ऑटोमोबाइल: इस उद्योग में स्टील, एल्यूमीनियम, रबर और कांच जैसी सामग्रियों का उपयोग किया जाता है।
- विकल्प (C) बर्तन: बर्तन बनाने के लिए स्टेनलेस स्टील, एल्यूमीनियम, पीतल और तांबे जैसी धातुओं का उपयोग होता है।
#6. निम्नलिखित में से कौन-सा मानव निर्मित रेशे का उदाहरण है?
(RRB NTPC CBT-I : 1 April 2021 Shift 1)
✨ सही उत्तर: (D) रैयॉन
💡 विस्तृत नोट्स (Detailed Notes):
- मानव निर्मित रेशा (Man-made / Regenerated Fiber): रैयॉन एक ऐसा रेशा है जो प्राकृतिक रूप से पाए जाने वाले कच्चे माल (जैसे लकड़ी की लुगदी या सेलूलोज़) के रासायनिक प्रसंस्करण से तैयार किया जाता है, इसलिए इसे कृत्रिम या मानव निर्मित रेशा कहा जाता है।
- विशेषता: इसे ‘कृत्रिम रेशम’ (Artificial Silk) भी कहा जाता है क्योंकि यह रेशम की तरह चमकता है और इसकी बनावट काफी हद तक रेशम जैसी होती है।
- परीक्षा संदर्भ: यह प्रश्न (RRB NTPC CBT-I : 01/04/2021, Shift 1) में सामान्य विज्ञान के अंतर्गत पूछा गया था।
🔍 अन्य विकल्पों का विश्लेषण (ये सही क्यों नहीं हैं?):
- विकल्प (A) रेशम: यह एक प्राकृतिक जंतु रेशा (Natural Animal Fiber) है जो रेशम के कीटों से प्राप्त होता है।
- विकल्प (B) जूट: यह पौधों से प्राप्त होने वाला एक प्राकृतिक पादप रेशा (Plant Fiber) है।
- विकल्प (C) सन: यह भी एक प्राकृतिक रेशा है जो पौधों के तनों से मिलता है।
#7. निम्नलिखित में से कौन सा टेट्राफ्लोरोएथीन को मुक्त मूलक या आघात उत्प्रेरक के साथ उच्च दाब पर गर्म करने के लिए बनाया जाता है?
(RPF SI 2018 : 10 Jan 2019 Shift 1)
✨ सही उत्तर: (C) टेफ्लॉन
💡 विस्तृत नोट्स (Detailed Notes):
- टेफ्लॉन (Teflon / PTFE): यह टेट्राफ्लोरोएथीन (Tetrafluoroethylene) का बहुलक (Polymer) है। इसे टेट्राफ्लोरोएथीन को मुक्त मूलक (Free Radical) या आघात उत्प्रेरक (Peroxide Catalyst) के साथ उच्च दाब और ताप पर गर्म करके बनाया जाता है।
- विशेषता और उपयोग: इसका रासायनिक नाम पॉलीटेट्राफ्लोरोएथिलिन (PTFE) है। यह ऊष्मा-प्रतिरोधी (Heat-resistant) होता है और इस पर रासायनिक पदार्थों का कोई असर नहीं होता। इसका मुख्य उपयोग नॉन-स्टिक कुकवेयर (बर्तन) की कोटिंग करने में किया जाता है।
- परीक्षा संदर्भ: यह प्रश्न (RPF SI : 10/01/2019, Shift 1) में रसायन विज्ञान (पॉलिमर) के अंतर्गत पूछा गया था।
🔍 अन्य विकल्पों का विश्लेषण (ये सही क्यों नहीं हैं?):
- विकल्प (A) पॉलिस्टर: यह डाइकार्बोक्सिलिक एसिड और डायोल के बहुलीकरण (Polymerization) से बनता है।
- विकल्प (B) रैयॉन: यह लकड़ी की लुगदी (सेलूलोज़) से रासायनिक प्रक्रिया द्वारा तैयार किया जाने वाला कृत्रिम रेशा है।
- विकल्प (D) नायलॉन 6: यह कैप्रोलैक्टम के बहुलीकरण से बनने वाला एक सिंथेटिक पॉलीएमाइड रेशा है।
#8. रसोई के बर्तनों पर नॉन-स्टिक कोटिंग के लिए उपयुक्त विशेष प्लास्टिक कौन सा है?
(RPF Constable 2018 22 Jan 2019 Shift 2)
✨ सही उत्तर: (B) टेफ्लॉन
💡 विस्तृत नोट्स (Detailed Notes):
- नॉन-स्टिक कोटिंग (Non-stick Coating): रसोई के बर्तनों पर नॉन-स्टिक कोटिंग के लिए टेफ्लॉन (Teflon / PTFE – पॉलीटेट्राफ्लोरोएथिलिन) का उपयोग किया जाता है।
- विशेषता: यह एक विशेष प्रकार का प्लास्टिक (फ्लूरोपोलिमर) है जो ऊष्मा-प्रतिरोधी होता है और इस पर तेल या पानी नहीं चिपकता है, जिससे भोजन चिपकता नहीं है और बर्तन आसानी से साफ हो जाते हैं।
- परीक्षा संदर्भ: यह प्रश्न (RPF Constable : 22/01/2019, Shift 2) में सामान्य विज्ञान के अंतर्गत पूछा गया था।
🔍 अन्य विकल्पों का विश्लेषण (ये सही क्यों नहीं हैं?):
- विकल्प (A) बैक्लाइट: यह एक थर्मोसेटिंग प्लास्टिक है जिसका उपयोग बिजली के स्विच, प्लग और बर्तनों के इंसुलेटेड हैंडल बनाने में किया जाता है।
- विकल्प (C) फिनोल: यह एक कार्बनिक यौगिक है जिसका उपयोग कीटाणुनाशक, रेजिन और अन्य रसायन बनाने में होता है।
- विकल्प (D) पॉलीएथिलीन: यह एक सामान्य थर्मोप्लास्टिक है जिसका उपयोग कैरी बैग, प्लास्टिक की थैलियों और पैकेजिंग सामग्री के लिए किया जाता है।
#9. IIT मंडी द्वारा विकसित उस स्थायी मिश्रित पदार्थ का प्राथमिक संघटन क्या है जो 2D अर्चचालकों को खराब होने से रोकता है?
(RRB JE 25/02/2026 )
✨ सही उत्तर: (C) पॉलीडिमैथिलसिलोक्सेन ( PDMS ) में संपुटित टंगस्टन डाइसल्फाइड ( WS )
💡 विस्तृत नोट्स (Detailed Notes):
- आईआईटी मंडी (IIT Mandi) का अनुसंधान: भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT) मंडी के शोधकर्ताओं ने दो-विमीय (2D) अर्द्धचालकों को पर्यावरणीय नुकसान (जैसे ऑक्सीजन और नमी) से बचाने और उनकी दीर्घकालिक स्थिरता बनाए रखने के लिए एक विशेष मिश्रित पदार्थ विकसित किया है.
- प्राथमिक संघटन: इस कंपोजिट में टंगस्टन डाइसल्फाइड (WS) नैनोशीट्स को पॉलीडिमैथिलसिलोक्सेन (PDMS) नामक एक सॉफ्ट और हाइड्रोफोबिक मैट्रिक्स में संपुटित (Encapsulated) किया जाता है, जिससे यह ऑक्सीकरण और यांत्रिक तनाव से सुरक्षित रहते हैं.
- परीक्षा संदर्भ: यह प्रश्न (RRB JE : 25/02/2026) में विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी (करेंट अफेयर्स) के अंतर्गत पूछा गया था।
🔍 अन्य विकल्पों का विश्लेषण (ये सही क्यों नहीं हैं?):
- विकल्प (A) पॉलिमर मैट्रिक्स में अंतर्निहित कार्बन नैनट्यूब: कार्बन नैनट्यूब्स का उपयोग मुख्य रूप से नैनोइलेक्ट्रॉनिक्स और संरचनात्मक मजबूती के लिए किया जाता है, 2D अर्द्धचालकों की कोटिंग या संपुटित सुरक्षा के लिए नहीं।
- विकल्प (B) एपॉक्सी रेजिन के साथ मिश्रित बोरॉन नाइट्राइड: बोरॉन नाइट्राइड (‘सफेद ग्रेफाइट’) एक 2D इंसुलेटर है जिसका उपयोग मुख्य रूप से थर्मल प्रबंधन के लिए होता है.
- विकल्प (D) सिलिकॉन के साथ संयुक्त ग्राफीन: ग्राफीन अपनी उच्च विद्युत चालकता के लिए प्रसिद्ध है, लेकिन अर्द्धचालकों को क्षरण से बचाने के लिए विशेष रूप से WS-PDMS तकनीक विकसित की गई है।
#10. कौन सा लचीला और अनुकूलनीय बहुलक अक्सर औद्योगिक ब्रश, टूथब्रश और अन्य सफाई आपूर्ति में पाया जाता है?
(RRB NTPC UG CBT-I : 08 Aug, 2025 Shift 2)
✨ सही उत्तर: (D) नायलॉन 6, 6
💡 विस्तृत नोट्स (Detailed Notes):
- नायलॉन 6, 6 (Nylon 6,6): यह एक सिंथेटिक पॉलीएमाइड रेशा है जो अपनी उच्च शक्ति, स्थायित्व, लचीलेपन (flexibility) और अनुकूलनीय प्रकृति के लिए जाना जाता है।
- उपयोग: इसकी इन्हीं विशेषताओं के कारण इसका उपयोग व्यापक रूप से औद्योगिक ब्रश, टूथब्रश के ब्रिसल्स (रेशों), पैराशूट और विभिन्न प्रकार की सफाई आपूर्ति (cleaning supplies) को बनाने में किया जाता है।
- परीक्षा संदर्भ: यह प्रश्न (RRB NTPC UG CBT-I : 08/08/2025, Shift 2) में सामान्य विज्ञान के अंतर्गत पूछा गया था।
🔍 अन्य विकल्पों का विश्लेषण (ये सही क्यों नहीं हैं?):
- विकल्प (A) नियोप्रिन: यह एक सिंथेटिक रबर है जिसका उपयोग गास्केट, होज़ और wetsuits बनाने में होता है।
- विकल्प (B) टेरीलीन: यह एक लोकप्रिय पॉलिएस्टर फाइबर है जिसका उपयोग मुख्य रूप से वस्त्र (कपड़े) बनाने के लिए किया जाता है।
- विकल्प (C) टेफ्लॉन: यह एक नॉन-स्टिक और ऊष्मा-प्रतिरोधी बहुलक (PTFE) है जिसका उपयोग बर्तनों की कोटिंग में होता है।
#11. सिंथेटिक रेशे आसानी से आग पकड़ लेते हैं, हालाँकि, अग्निशामकों की वर्दीयों में उन्हें आग प्रतिरोधी बनाने के लिए ________ प्लास्टिक की परत होती है।
(RRB NTPC CBT-I : 1 April 2021 Shift 2)
✨ सही उत्तर: (D) मेलमाइन
💡 विस्तृत नोट्स (Detailed Notes):
- मेलमाइन (Melamine): यह एक बहुमुखी थर्मोसेटिंग प्लास्टिक है जो आग का प्रतिरोध कर सकता है और अन्य प्लास्टिक की तुलना में गर्मी को बेहतर ढंग से सहन कर सकता है।
- अग्निशामक वर्दी (Firefighters’ Uniforms): इसी अग्नि-प्रतिरोधी (fire-resistant) गुण के कारण मेलमाइन की परत या कोटिंग अग्निशामकों के कपड़ों/वर्दी पर की जाती है ताकि उन्हें आग से सुरक्षा मिल सके।
- परीक्षा संदर्भ: यह प्रश्न (RRB NTPC CBT-I : 01/04/2021, Shift 2) में सामान्य विज्ञान के अंतर्गत पूछा गया था।
🔍 अन्य विकल्पों का विश्लेषण (ये सही क्यों नहीं हैं?):
- विकल्प (A) रैयॉन: यह लकड़ी की लुगदी से बनने वाला कृत्रिम रेशा है, जो आसानी से आग पकड़ लेता है और अग्निरोधी नहीं होता।
- विकल्प (B) ऐक्रेलिक: यह एक सिंथेटिक फाइबर है जो ऊन जैसा दिखता है, लेकिन यह भी आसानी से आग पकड़ लेता है।
- विकल्प (C) नायलॉन: यह एक मजबूत सिंथेटिक रेशा है जो गर्म करने पर पिघल जाता है और आग के संपर्क में आने पर जल्दी जलता है।
#12. निम्नलिखित में से कौन-सा पदार्थ, प्रकृति में अक्रिय होता है और लंबी अवधि तक पर्यावरण में मौजूद रहता है तथा पारिस्थितिकी तंत्र के विभिन्न अवयवों को क्षति पहुंचाता है?
(RRB Level 01 Stage I 15/12/2025 )
✨ सही उत्तर: (C) डिस्पोजेबल प्लास्टिक कप (Disposable plastic cups)
💡 विस्तृत नोट्स (Detailed Notes):
- रासायनिक अक्रियता और अपघटन: डिस्पोजेबल प्लास्टिक कप सिंथेटिक पॉलिमर से बने होते हैं जो प्रकृति में रासायनिक रूप से अक्रिय (inert) होते हैं। यही कारण है कि सूक्ष्मजीव इन्हें विघटित नहीं कर पाते और ये लंबी अवधि तक पर्यावरण में बने रहते हैं।
- पारिस्थितिकी तंत्र पर प्रभाव: लंबे समय तक पर्यावरण में रहने के कारण ये प्लास्टिक कचरा प्रदूषण फैलाते हैं और पारिस्थितिकी तंत्र (Ecosystem) के विभिन्न अवयवों जैसे मिट्टी की उर्वरता और जलीय जीवों को गंभीर क्षति पहुँचाते हैं।
- परीक्षा संदर्भ: यह प्रश्न (RRB Level 01 Stage I : 15/12/2025) में पर्यावरण एवं पारिस्थितिकी के अंतर्गत पूछा गया था।
🔍 अन्य विकल्पों का विश्लेषण (ये सही क्यों नहीं हैं?):
- विकल्प (A) चाय पीने वाले मृत्तिका कुल्हड़: ये मिट्टी से बनते हैं जो प्राकृतिक रूप से पुनर्चक्रित होकर वापस मिट्टी में मिल जाते हैं।
- विकल्प (B) चाय पत्ती: यह जैविक (biodegradable) अपशिष्ट है जो आसानी से विघटित हो जाता है।
- विकल्प (D) डिस्पोजेबल पेपर कप: यद्यपि इनमें प्लास्टिक की हल्की कोटिंग हो सकती है, लेकिन काग़ज़ का मुख्य हिस्सा सेलूलोज़ आधारित होने के कारण प्लास्टिक की तुलना में जल्दी अपघटित होता है।
#13. निम्नलिखित में से कौन-सा उद्योग में प्रयुक्त सिंथेटिक बहुलक का उदाहरण है?
(RRB NTPC UG CBT-I : 20 Aug, 2025 Shift 3)
✨ सही उत्तर: (B) नायलॉन- 6.6
💡 विस्तृत नोट्स (Detailed Notes):
- सिंथेटिक बहुलक (Synthetic Polymers): वे बहुलक (पॉलीमर) जो मानव द्वारा प्रयोगशालाओं या उद्योगों में रासायनिक पदार्थों के बहुलीकरण (Polymerization) द्वारा तैयार किए जाते हैं, सिंथेटिक बहुलक कहलाते हैं। नायलॉन- 6.6 इसका एक प्रमुख उदाहरण है।
- निर्माण और उपयोग: नायलॉन- 6.6 हेक्सामिथिलीनडाइऐमीन और एडिपिक अम्ल के संघनन बहुलीकरण से बनता है। इसका उपयोग वस्त्र उद्योग, रस्सियों, ब्रिसल्स और ऑटोमोबाइल कलपुर्जों में बड़े पैमाने पर होता है।
- परीक्षा संदर्भ: यह प्रश्न (RRB NTPC UG CBT-I : 20/08/2025, Shift 3) में सामान्य विज्ञान (रसायन विज्ञान – बहुलक) के अंतर्गत पूछा गया था।
🔍 अन्य विकल्पों का विश्लेषण (ये सही क्यों नहीं हैं?):
- विकल्प (A) स्टार्च: यह एक प्राकृतिक बहुलक (Natural Polymer) है, जो पौधों में संचित खाद्य के रूप में पाया जाता है।
- विकल्प (C) सेल्यूलोज: यह पौधों की कोशिका भित्ति (Cell Wall) में पाया जाने वाला सबसे प्रचुर प्राकृतिक बहुलक है।
- विकल्प (D) रबर: यहाँ सामान्य रबर (प्राकृतिक रेशा/बहुलक) का संदर्भ है, जो रबर के पेड़ के लेटेक्स (दूधिया स्राव) से प्राप्त होता है।
#14. अक्टूबर 2018 में, भारतीय वैज्ञानिकों ने किसानों के लिए विषैले कीटनाशकों से बचाव करने हेतु ________ नामक जेल विकसित किया।
(RRB NTPC CBT-I : 4 Feb 2021 Shift 2)
✨ सही उत्तर: (C) पॉली-ऑक्साइम
💡 विस्तृत नोट्स (Detailed Notes):
- पॉली-ऑक्साइम (Poly-Oxime): अक्टूबर 2018 में, बेंगलुरु स्थित ‘इन्स्टेम’ (inStem – Institute for Stem Cell Science and Regenerative Medicine) के वैज्ञानिकों ने किसानों को जहरीले कीटनाशकों के दुष्प्रभावों से बचाने के लिए ‘पॉली-ऑक्साइम’ नामक एक विशेष सामयिक (Topical) जेल विकसित किया था।
- कार्यप्रणाली: यह जेल त्वचा पर लगाने पर कीटनाशकों (विशेषकर ऑर्गेनोफॉस्फेट्स) को निष्क्रिय कर देता है और उन्हें त्वचा के जरिए शरीर के अंदर जाने से रोकता है, जिससे तंत्रिका तंत्र (Nervous System) की क्षति और अन्य गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं से सुरक्षा मिलती है।
- परीक्षा संदर्भ: यह प्रश्न (RRB NTPC CBT-I : 04/02/2021, Shift 2) में सामान्य विज्ञान / करेंट अफेयर्स के अंतर्गत पूछा गया था।
🔍 अन्य विकल्पों का विश्लेषण (ये सही क्यों नहीं हैं?):
- विकल्प (A) जिंक ऑक्साइड: यह एक यौगिक है जिसका उपयोग मुख्य रूप से सनस्क्रीन, मलहम और रबर उद्योग में किया जाता है।
- विकल्प (B) हाइड्रॉक्सीएथिल सेलुलोज: यह सेलुलोज से बनने वाला एक पॉलीमर है जिसका उपयोग सौंदर्य प्रसाधन, पेंट और फार्मास्यूटिकल्स में गाढ़ा करने वाले एजेंट के रूप में होता है।
- विकल्प (D) सोडियम पॉलीऐक्रिलेत: यह एक सुपर-अब्जॉर्बेंट पॉलीमर है जो पानी को अत्यधिक मात्रा में सोख सकता है (इसका उपयोग डायपर आदि में होता है)।
#15. निम्नलिखित में से कौन ऊष्मारोधी नहीं है?
(RRB ALP CBT-II Fitter : 02 May, 2025 Shift 2)
✨ सही उत्तर: (B) चांदी
💡 विस्तृत नोट्स (Detailed Notes):
- ऊष्मारोधी (Thermal Insulator): वे पदार्थ जो अपने अंदर से ऊष्मा (Heat) को आसानी से प्रवाहित नहीं होने देते, ऊष्मारोधी कहलाते हैं (जैसे- रबर, प्लास्टिक, ऊन)।
- चांदी (Silver): चांदी ऊष्मा और विद्युत दोनों की सबसे अच्छी सुचालक (Good Conductor) होती है, इसलिए यह ऊष्मारोधी नहीं है।
- परीक्षा संदर्भ: यह प्रश्न (RRB ALP CBT-II Fitter : 02/05/2025, Shift 2) में इंजीनियरिंग ट्रेड और विज्ञान के अंतर्गत पूछा गया था।
🔍 अन्य विकल्पों का विश्लेषण (ये सही क्यों नहीं हैं?):
- विकल्प (A) रबर: यह एक अच्छा ऊष्मारोधी और विद्युतरोधी (Insulator) है।
- विकल्प (C) प्लास्टिक: यह भी ऊष्मा और विद्युत का संचालन नहीं करता, इसलिए यह ऊष्मारोधी है।
- विकल्प (D) ऊन: यह हवा को फँसा कर रखता है और ऊष्मा के प्रवाह को रोकता है, जिससे यह एक प्राकृतिक ऊष्मारोधी के रूप में कार्य करता है।
#16. निम्नलिखित में से कौन सा पॉलिएस्टर बोतलें और बर्तन बनाने के लिए उपयोग किया जाने वाला लोकप्रिय पॉलिएस्टर है?
(RPF Constable 2018 18 Jan 2019 Shift 3)
✨ सही उत्तर: (D) पॉलीइथिलीन टॅरेस्ट्रियल
💡 विस्तृत नोट्स (Detailed Notes):
- पॉलीइथिलीन टेरेफ्थलेट (PET / पॉलीइथिलीन टॅरेस्ट्रियल): यह एक बहुत ही लोकप्रिय पॉलिएस्टर है जिसका उपयोग बोतलों, बर्तनों, फिल्म और पैकेजिंग सामग्री को बनाने में बड़े पैमाने पर किया जाता है।
- विशेषता: यह मजबूत, हल्का, पारदर्शी और रासायनिक रूप से सुरक्षित होता है, जिससे यह खाद्य पदार्थों और पेय पदार्थों की पैकेजिंग के लिए आदर्श माना जाता है।
- परीक्षा संदर्भ: यह प्रश्न (RPF Constable : 18/01/2019, Shift 3) में सामान्य विज्ञान के अंतर्गत पूछा गया था।
🔍 अन्य विकल्पों का विश्लेषण (ये सही क्यों नहीं हैं?):
- विकल्प (A) लैड (Lead): यह एक भारी धातु है, पॉलिएस्टर नहीं।
- विकल्प (B) नायलॉन: यह एक सिंथेटिक पॉलीएमाइड रेशा है, जिसका उपयोग वस्त्र, रस्सियों और ब्रिसल्स में होता है।
- विकल्प (C) ऐक्रेलिक: यह एक सिंथेटिक फाइबर है जो ऊन जैसा विकल्प प्रदान करता है (नकली ऊन)।
#17. कौन-सा गुणधर्म कार्बन को दीर्घ श्रृंखलाएं बनाने में सक्षम बनाता है?
(RRB Level 01 Stage I 09/02/2026 )
✨ सही उत्तर: (C) श्रृंखलन (Catenation)
💡 विस्तृत नोट्स (Detailed Notes):
- श्रृंखलन (Catenation): यह कार्बन परमाणु का एक अद्वितीय गुण है, जिसके कारण कार्बन परमाणु आपस में सहसंयोजक बंध (Covalent bonds) बनाकर लंबी श्रृंखलाओं (Chains), शाखित श्रृंखलाओं (Branched chains) या वलय (Rings) का निर्माण करते हैं। इसी गुण के कारण कार्बन यौगिकों की संख्या अत्यधिक अधिक होती है।
- मुख्य कारण: कार्बन की इस क्षमता का मुख्य कारण उसका छोटा आकार और उसकी चतुःसंयोजकता है, जो मजबूत कार्बन-कार्बन बंध बनाने में सहायक होती है।
- परीक्षा संदर्भ: यह प्रश्न (RRB Level 01 Stage I : 09/02/2026) में रसायन विज्ञान (कार्बन और उसके यौगिक) के अंतर्गत पूछा गया था।
🔍 अन्य विकल्पों का विश्लेषण (ये सही क्यों नहीं हैं?):
- विकल्प (A) बहुलकीकरण (Polymerisation): यह वह प्रक्रिया है जिसमें कई छोटे अणु (मोनोमर्स) मिलकर एक बड़ा बहुलक (पॉलीमर) बनाते हैं।
- विकल्प (B) चतुः संयोजकता (Tetravalency): इसकी संयोजकता 4 होती है जिससे यह अन्य चार परमाणुओं के साथ बंध बना सकता है, लेकिन यह सीधे तौर पर ‘लंबी श्रृंखलाएँ बनाने की क्षमता’ (श्रृंखलन) को परिभाषित नहीं करता।
- विकल्प (D) समावयवता (Isomerism): यह वह परिघटना है जिसमें एक ही आणविक सूत्र वाले यौगिकों की संरचना अलग-अलग होती है।
#18. निम्नलिखित में से किसे जैविक प्रक्रियाओं द्वारा तोड़ा जा सकता है?
(RRB JE CBT-I 2024 18 Dec 2024 Shift 1)
✨ सही उत्तर: (D) सब्जियों के छिलके
💡 विस्तृत नोट्स (Detailed Notes):
- जैव-अपघट्य (Biodegradable): सब्जियों के छिलके जैविक अपशिष्ट हैं जिन्हें सूक्ष्मजीवों (जैसे बैक्टीरिया और कवक) द्वारा प्राकृतिक रूप से सरल कार्बनिक यौगिकों में तोड़ा (विघटित किया) जा सकता है।
- विशेषता: यह प्रक्रिया पर्यावरण के अनुकूल होती है और इससे खाद का निर्माण होता है।
- परीक्षा संदर्भ: यह प्रश्न (RRB JE CBT-I : 18/12/2024, Shift 1) में पर्यावरण और सामान्य विज्ञान के अंतर्गत पूछा गया था।
🔍 अन्य विकल्पों का विश्लेषण (ये सही क्यों नहीं हैं?):
- विकल्प (A) एल्यूमीनियम पन्नी: यह एक धातु है जो जैविक प्रक्रियाओं द्वारा आसानी से नहीं टूटती और गैर-जैव-अपघट्य है।
- विकल्प (B) दूध के पैकेट: इनमें प्लास्टिक या पॉलीथीन की कोटिंग होती है, जो प्राकृतिक रूप से जल्दी विघटित नहीं होते।
- विकल्प (C) प्लास्टिक की बोतलें: ये सिंथेटिक पॉलिमर से बनती हैं जो रासायनिक रूप से अक्रिय होते हैं और सैकड़ों वर्षों तक पर्यावरण में बने रहते हैं।
#19. कार्बन परमाणु का कौन-सा गुण, एक कार्बन परमाणु को अन्य कार्बन परमाणुओं के साथ आबंध बनाने में सक्षम बनाता है?
(RRB Level 01 Stage I 09/12/2025 )
✨ सही उत्तर: (A) श्रृंखलन
💡 विस्तृत नोट्स (Detailed Notes):
- श्रृंखलन (Catenation): यह कार्बन परमाणु का एक विशिष्ट और अद्वितीय गुण है, जिसके कारण कार्बन परमाणु आपस में सहसंयोजक बंध (Covalent bonds) बनाकर लंबी श्रृंखलाओं, शाखित श्रृंखलाओं या वलय (Rings) का निर्माण करते हैं।
- कारण: कार्बन के छोटे आकार और इसकी चतुःसंयोजकता के कारण कार्बन-कार्बन बंध अत्यधिक मजबूत होते हैं, जिससे यह गुण प्रभावी रूप से प्रदर्शित होता है।
- परीक्षा संदर्भ: यह प्रश्न (RRB Level 01 Stage I : 09/12/2025) में रसायन विज्ञान (कार्बन और उसके यौगिक) के अंतर्गत पूछा गया था।
🔍 अन्य विकल्पों का विश्लेषण (ये सही क्यों नहीं हैं?):
- विकल्प (B) संयोजकता: यह किसी तत्व की संयोजन क्षमता को दर्शाती है, लेकिन विशेष रूप से अन्य कार्बन परमाणुओं के साथ अनगिनत बंध बनाकर लंबी श्रृंखला बनाने की क्षमता ‘श्रृंखलन’ कहलाती है।
- विकल्प (C) बहुलकन: यह छोटे अणुओं (मोनोमर्स) से मिलकर बड़ा बहुलक (पॉलीमर) बनाने की रासायनिक प्रक्रिया है।
- विकल्प (D) समावयवन: यह वह गुण है जिसमें यौगिकों का आणविक सूत्र समान होता है परंतु संरचनात्मक व्यवस्था भिन्न होती है।
#20. ________ को लपेटने के लिए एल्यूमीनियम फॉयल का इस्तेमाल किया जाता है।
(RRB JE 29 May 2019 Shift 3 CBT 1)
✨ सही उत्तर: (B) खाद्य वस्तुएं
💡 विस्तृत नोट्स (Detailed Notes):
- एल्यूमीनियम फॉयल (Aluminium Foil): एल्यूमीनियम की बहुत पतली चादरें या पन्नी होती हैं, जिनका उपयोग मुख्य रूप से खाद्य वस्तुओं (Food items) को पैक करने और उन्हें ताजा बनाए रखने के लिए किया जाता है।
- विशेषता: यह नमी, गंध और बैक्टीरिया को भोजन तक पहुँचने से रोकती है, जिससे भोजन लंबे समय तक सुरक्षित और गर्म रहता है।
- परीक्षा संदर्भ: यह प्रश्न (RRB JE : 29/05/2019, Shift 3 CBT 1) में सामान्य विज्ञान / अनुप्रयोग के अंतर्गत पूछा गया था।
🔍 अन्य विकल्पों का विश्लेषण (ये सही क्यों नहीं हैं?):
- विकल्प (A) प्लास्टिक: प्लास्टिक का उपयोग विभिन्न प्रकार की पैकेजिंग में होता है, लेकिन विशेष रूप से गरमागरम खाद्य सामग्री को सुरक्षित रखने के लिए फॉयल का प्रयोग किया जाता है।
- विकल्प (C) तार: तार बनाने के लिए तांबे या एल्यूमीनियम के ठोस चालकों का उपयोग होता है, पतली फॉयल का नहीं।
- विकल्प (D) कपड़ा: कपड़ों की पैकेजिंग के लिए पॉलीथीन या काग़ज़ के लिफाफों का उपयोग किया जाता है।
#21. निम्नलिखित में से कौन सा फाइबर लकड़ी की लुगदी पर रासायनिक प्रतिक्रियाओं द्वारा बनाया जाता है?
(RPF Constable 2018 17 Jan 2019 Shift 1)
✨ सही उत्तर: (D) रैयान
💡 विस्तृत नोट्स (Detailed Notes):
- रैयान (Rayon): यह एक अर्ध-सिंथेटिक (मानव निर्मित) रेशा है, जिसे लकड़ी की लुगदी (Wood pulp) के रासायनिक प्रसंस्करण और पुनर्जीवन (Regeneration) द्वारा तैयार किया जाता है।
- विशेषता: यद्यपि यह प्राकृतिक स्रोत (सेलूलोज़) से प्राप्त होता है, लेकिन इसे रासायनिक प्रक्रियाओं से गुजारा जाता है इसलिए इसे ‘कृत्रिम रेशम’ (Artificial Silk) भी कहा जाता है।
- परीक्षा संदर्भ: यह प्रश्न (RPF Constable : 17/01/2019, Shift 1) में सामान्य विज्ञान के अंतर्गत पूछा गया था।
🔍 अन्य विकल्पों का विश्लेषण (ये सही क्यों नहीं हैं?):
- विकल्प (A) पॉलिएस्टर: यह पेट्रोकेमिकल्स से बनने वाला सिंथेटिक फाइबर है।
- विकल्प (B) नायलॉन: यह पूरी तरह से सिंथेटिक पॉलीएमाइड रेशा है जो कोयला, पानी और हवा से रासायनिक रूप से बनता है।
- विकल्प (C) थैला: यह कोई फाइबर (रेशा) नहीं है, बल्कि एक पैकेजिंग सामग्री या वस्तु है।
#22. पानी की पाइपों के निर्माण में किस बहुलक का उपयोग किया जाता है?
(RRB NTPC CBT-I : 16 Feb 2021 Shift 1)
✨ सही उत्तर: (C) पीवीसी
💡 विस्तृत नोट्स (Detailed Notes):
- पीवीसी (PVC – Polyvinyl Chloride): यह एक सिंथेटिक प्लास्टिक बहुलक है जिसका उपयोग पानी के पाइप (Water Pipes), केबल इंसुलेशन, और विनाइल फ़्लोरिंग बनाने में बड़े पैमाने पर किया जाता है।
- विशेषता: यह हल्का, मजबूत, जल-प्रतिरोधी (Water-resistant) और रासायनिक रूप से निष्क्रिय होता है, जिस कारण यह पानी की आपूर्ति और प्लंबिंग के लिए अत्यंत उपयुक्त है।
- परीक्षा संदर्भ: यह प्रश्न (RRB NTPC CBT-I : 16/02/2021, Shift 1) में सामान्य विज्ञान के अंतर्गत पूछा गया था।
🔍 अन्य विकल्पों का विश्लेषण (ये सही क्यों नहीं हैं?):
- विकल्प (A) बैकेलाइट: यह एक थर्मोसेटिंग प्लास्टिक है जिसका उपयोग इलेक्ट्रिकल स्विच, प्लग और बर्तनों के हैंडल बनाने में होता है।
- विकल्प (B) ग्लाइप्टल: यह एक प्रकार का पॉलिएस्टर रेजिन है जिसका उपयोग पेंट्स, वार्निश और कोटिंग्स में किया जाता है।
- विकल्प (D) पॉलीस्टाइरीन: इसका उपयोग फोम पैकेजिंग, डिस्पोजेबल कप और इंसुलेशन सामग्री के लिए किया जाता है।
#23. निम्नलिखित में से कौन सा बहुलक विद्युत स्विच बनाने में उपयोग किया जाता है?
(RPF Constable 2018 20 Jan 2019 Shift 1)
✨ सही उत्तर: (A) बैकेलाइट
💡 विस्तृत नोट्स (Detailed Notes):
- बैकेलाइट (Bakelite): यह एक थर्मोसेटिंग प्लास्टिक (फेनिल-फॉर्मेल्डिहाइड रेजिन) है, जो ऊष्मा और विद्युत का कुचालक (Insulator) होता है।
- उपयोग: इसकी इसी कुचालक विशेषता के कारण इसका उपयोग विद्युत स्विच (Electric Switches), प्लग, सॉकेट और बर्तनों के हैंडल बनाने में किया जाता है ताकि करंट न लगे।
- परीक्षा संदर्भ: यह प्रश्न (RPF Constable : 20/01/2019, Shift 1) में सामान्य विज्ञान के अंतर्गत पूछा गया था।
🔍 अन्य विकल्पों का विश्लेषण (ये सही क्यों नहीं हैं?):
- विकल्प (B) फिनोल: यह एक कार्बनिक यौगिक है जो बैकेलाइट के निर्माण में कच्चे माल के रूप में प्रयुक्त होता है, सीधे स्विच बनाने में नहीं।
- विकल्प (C) एपॉक्सी रेजिन: इसका उपयोग मुख्य रूप से चिपकने वाले पदार्थों (Adhesives), कोटिंग्स और कंपोजिट सामग्री में होता है।
- विकल्प (D) पॉलीइथिलीन: यह एक थर्मोप्लास्टिक है जिसका उपयोग कैरी बैग और पाइप आदि बनाने के लिए किया जाता है।
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